आगरालीक्स(05th 2021 Agra News)… आगरा में 71 स्ट्रीट डॉग से उनका आशियाना छीनने के बाद नगर निगम अधिकारी सुबह मौके पर पहुंचे। मगर फोटो सेशन कर…।
नगर निगम में किया था प्रदर्शन
29 जुलाई की जोरदार बारिश के बाद कान्हा उपवन गौशाला नरायच, टेढ़ी बगिया में बने कैस्पर्स होम डॉग शैल्टर होम में पानी छह फीट तक भर गया था। 71 डॉगी रात में चीखने चिल्लाने लगे थे। वहां मौजूद वालंटियर्स की जानकारी पर कैस्पर्स होम की संचालक विनीता अरोड़ा ने उसी दिन रात ढाई बजे किसी तरह अन्य वालंटियर्स की मदद से सभी डॉगीज को पुराने शैल्टर होम में भेजा। करीब दो दिन पहले उन्होंने नगर निगम में प्रदर्शन किया था।
आरोप, फोटो सेशन कर चले गए अफसर, नहीं की बात
कैस्पर्स होम की संचालक विनीता अरोड़ा ने बताया कि अभी हाल ही में नगर आयुक्त निखिल टीकाराम फुंडे को समस्या के बारे में बताया था। ज्ञापन भी दिया था। विनीता अरोड़ा ने बताया कि गुरुवार सुबह अपर नगर आयुक्त ने फोन कर उनसे शेल्टर होम में पहुंचने को कहा। तब वह अपने अपने भाई अपूर्व शर्मा के साथ कान्हा उपवन गोशाला में डॉग शेल्टर होम में पहुंची। 12 बजे अपर नगर आयुक्त अनुपम शुक्ला और के पी सिंह पहुंचे। उनका आरोप है कि दोनों ही अफसरों ने उनसे कोई बात नहीं की। सिर्फ फोटो सेशन कराकर चले गए। विनीता अरोरा का कहना है कि सिर्फ समय और पेट्रोल को बर्बाद कराने के लिए नगर निगम अधिकारी इसी तरह से बुलाते हैं।
ये था मामला
विनीता अरोड़ा ने बताया कि नगर निगम की लापरवाही का खामियाजा कान्हा उपवन गौशाला, नरायच के गोवंश भी झेल रहे हैं। नगर निगम ने पहले तो कैस्पर होम संस्था को तालाब की जगह डॉग शेल्टर होम के लिए प्रदान कर दी। शेल्टर होम के बराबर में बनी करोड़ों की गौशाला में पानी की निकासी की व्यवस्था नहीं की। जिस कारण 29 जुलाई की बारिश में गौशाला का सारा पानी शैल्टर होम में भर गया और संस्था की सारी मेहनत को तबाह कर दिया। शेल्टर होम में मौजूद 71 डॉग पानी में तैरने लगे। शेल्टर होम और गोशाला दोनों तालाब बन गए। ऑपरेशन टेबिल, दवाएं, डॉग की खाने की सामग्री सब कुछ डूब गया। कोबरा पुलिस की मदद से बमुश्किल डॉग को बचाया गया।